आलोट (रतलाम) । न्यायालय श्रीमान (सुनील कुमार ) विशेष न्यायालय पॉक्सो एक्ट। आलोट जिला रतलाम (म.प्र.) के द्वारा पारित निर्णय दिनांक 12.07.2022 को अभियुक्त मनोहर उर्फ मोनू पिता किशनलाल लोहार, आयु 25 वर्ष, निवासी डूंगरिया को धारा 9(एफ)(एम) पॉक्सों एक्ट में 5 वर्ष का कठोर कारावास और 5000 रू अर्थदंड तथा धारा 354 भादवि में 3 वर्ष का कठोर कारवास एवं 1000 रू अर्थदंड से दंडित किया गया।
प्रकरण में पैरवीकर्ता विशेष लोक अभियोजक पॉक्सो एक्ट आलोट हैमेंद्र कुमार गोयल ने बताया कि दिनांक 11.1.2019 को अव्यस्क फरियादी/अभियोक्त्री की माता ने पुलिस थाना आलोट पर उपस्थित होकर इस आशय की रिपोर्ट लेखबद्ध करायी कि उक्त घटना दिनांक को वह घर पर करीबन 02:30 बजे घर पर थी तभी उसकी अव्यस्क लडकी/ अभियोक्त्री स्कूल से आई तो उसने उसकी अव्यस्क लडकी से स्कूल बैग लिया तथा स्कूल ड्रेस चेंज करने लगी तो अभियोक्त्री रोने लगी तो उसने उसकी अव्यस्क लडकी को चुप कराके पूछा कि क्या हुआ है तो उसकी लडकी ने उसे बताया कि ड्रायवर मोनू भैया ने उसके साथ छेड-छाड की है बाद में उक्त घटना अव्यस्क अभियोक्त्री की मां ने परिवार वालों को बताई इस पर परिवार के साथ फरियादी ने थाने पर आकर रिपोर्ट की। अव्यस्क अभियोक्त्री की माता की उक्त रिपोर्ट पर से थाना आलोट के अपराध क्रमांक 359/19 धारा 354 भादवि एवं धारा 7/8 पॉक्सो अधिनियम का प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। विवेचना के दौरान अभियुक्त मनोहर उर्फ मोनू लोहार को गिरफ्तार किया गया। अभियुक्त के कब्जे से स्कूल वाहन और उसके कागजात जप्त किये गये। अव्यस्क अभियोक्त्री व उसकी माता के कथन धारा 164 जा.फौ. के तहत न्यायालय आलोट में कराये गये। धारा 354(क) का इजाफा किया गया। आवश्यक अनुसंधान उपरांत विशेष न्यायाधीश लैंगिक अपराधों से बालको का संरक्षण अधिनियम, के न्यायालय के समक्ष अभियोग पत्र प्रस्तुत किया गया,
माननीय विचारण न्यायालय श्रीमान सुनील कुमार विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट द्वारा पारित निर्णय दिनांक 12.07.2022 को अभियोजन की ओर से प्रस्तुत दस्तावेज एवं साक्ष्य को प्रमाणित मानते हुये आरोपी मनोहर उर्फ मोनू को धारा 9(एफ)(एम) पॉक्सो एक्ट एवं धारा 354 में दोषसिद्ध किया गया।
प्रकरण में शासन की ओर से सफल पैरवी हैमेन्द्र कुमार गोयल विशेष लोक अभियोजक आलोट द्वारा की गई।